जब 5 वर्ष की उम्र में अभिवंदन विज ने ‘ऑल इंडिया रेडियो’ पर दी थी पहली प्रस्तुति

अमर भारती : अभिवंदन विज नन्हे तबला उस्ताद हैं। महज तेरह साल की उम्र में अभिवंदन देश विदेश में ख्याति अर्जित कर चुके हैं। अभिवंदन ने तबला बजाना 3 साल की उम्र से शुरू किया जो आज तक जारी है। बचपन में अभिवंदन के पिता कुछ कहानियों की किताबें लाए थे। उन्होंने एक कहानी जीत का तबला पढ़कर अभिवंदन को सुनाई जिसे सुनकर अभिवंदन  ने कहा कि अगर जीत जैसा छोटा बच्चा तबला बजा सकत  है तो मैं क्यों नहीं। यहीं से अभिवंदन के तबले बजाने का सफर शुरू हुआ।

अभिवंदन ने पहली प्रस्तुति 5 वर्ष की उम्र में ‘ऑल इंडिया रेडियो’ तथा दूरदर्शन पर दी। उसके बाद ताज महोत्सव ,लखनऊ महोत्सव, अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव ,राष्ट्रीय संस्कृति महोत्सव ,बीबीसी हिंदी, बीबीसी पंजाबी , हरिवल्लभ संगीत सम्मेलन इसके साथ अनेक सरकारी तथा निजी टीवी रेडियो एफएम चैनलों पर प्रस्तुति दे चुके हैं।ऑल इंडिया रेडियो की विदेश प्रसारण सेवा से पांच महाद्वीपों में अभिवंदन के तबला वादन का प्रसारण हुआ है।अभिवंदन पर एक डॉक्यूमेंट्री मूवी भी बन चुकी है ।

अभी हाल ही में उन्होंने अमेरिका में कई जगहों पर तबला वादन किया साथ ही सिंगापुर में भी अपनी प्रस्तुति दी। अभिवंदन को कई अवॉर्ड, मेडल्स ,सर्टिफिकेट्स और नक़द पुरस्कार मिल चुके हैं। देश-विदेश के कई शहरों में मुख्य समाचार पत्रों में इनके बारे में और इनके टैलेंट के बारे में खबरें प्रकाशित हो चुकी हैं। तबला बजाना अभिवंदन का पैशन है। उनका कहना है कि हम लोग अपने भारतीय संगीत और वादन संस्कृति को भूलते जा रहे हैं। खासकर आज के जो मेरे युवा बड़े भाई बहन हैं वह इस ओर अपना रुझान कम रखते हैं।

उनका उद्देश्य सङ्गीत साधना की प्राचीन भारतीय संस्कृति को जो वर्षों पुरानी है उसे अपने इस प्रयास के माध्यम से आगे बढ़ाएं और जो उनके नन्हे दोस्त हैं उनको इस बारे में जागरूक करें। अभिवंदन खुद तो संगीत के प्रति  एक बेहतर रुझान रखते ही हैं और उसको आगे भी बढ़ाना चाहते हैं। इसके साथ वे चाहते हैं कि जो नन्हे उनके दोस्त हैं और जो आने वाली पीढ़ी है वह भी अपनी इस कल्चर को आगे बढ़ाएं। अगर हम बात करें तो अभिवंदन पढ़ाई में भी बहुत अच्छे हैं। उनको क्रिकेट खेलना भी बहुत पसंद है।

वह बड़े होकर क्रिकेट में भी अपना हाथ आजमाना चाहते हैं ।अभिवंदन के फेवरेट क्रिकेटर रोहित शर्मा है और वे उनके काफी बड़े फैन हैं। मोहम्मद शामी ,कुलदीप यादव भी उनको काफी पसंद है ।क्रिकेट के साथ उनको पढ़ने का भी बहुत शौक है। उनकी फेवरेट बुक परसी जैक्सन है। इसके साथ वह एक किताब भी लिख रहे हैं ।खाने की बात करें तो अभि वंदन को खाने में मैक्सिकन और इटालियन खाना पसंद है। अभिवंदन तबला वादन के साथ साथ पढ़ाई में भी अपना पूरा ध्यान देते हैं।

उन्हें अपने स्कूल में 3 साल से स्कॉलर बैच और इस वर्ष सुपर स्कॉलर बैच का खिताब भी मिला है। स्कूल में उनको रॉकस्टार के नाम से सभी बच्चे और टीचर जानते हैं। स्कूल टीचर और प्रिंसिपल का भी पूरा सहयोग और प्यार अभिवंदनको मिलता रहा है। अभिवंदन दिल्ली के  के .आर .मंगलम वर्ल्ड स्कूल विकासपुरी के छात्र हैं।वह इस वक्त आठवीं कक्षा में पढ़ रहे हैं।पढ़ाई के साथ तबला अभिनंदन का पैशन है और वह हर रोज 2 घंटे से अधिक रियाज़ करते हैं।

उनके गुरु पीयूष चक्रवर्ती भी उनकी प्रतिभा के कायल है और वह भी हमेशा अभिवंदन को आगे बढ़ने के लिए मोटिवेशन देते रहते हैं। अभिवंदन की इस शानदार परफॉर्मेंस के पीछे उनकी मेहनत तो है ही साथ ही उनके माता-पिता का सहयोग भी बहुत बड़ा है। उनके पिता  नीरज कुमार केंद्रीय विश्वविद्यालय में प्रोफेसर हैं। उनकी माता वंदना लोकसभा में अधिकारी हैं। उनका अपने बेटे को आगे बढ़ाने में एक बड़ा योगदान है। जिसको अभिनंदन भी हमेशा मानते हैं और उनका कहना है कि आज मैं जो कुछ हुआ अपने माता-पिता  और गुरु की बदौलत हूँ।