कुछ लोगों के लिए विश्व भारती सोने के अंडे देने वाली मुर्गी है: कुलपति

अमर भारती : विश्व भारती विश्वविद्यालय के कुलपति विद्युत चक्रवर्ती ने शुक्रवार को दावा किया कि लोगों का एक समूह धन की कमी से जूझ रहे विश्वविद्यालय को ‘‘अंडे देने वाली मुर्गी’’ की तरह इस्तेमाल कर रहा है। चक्रवर्ती ने अंतराष्ट्रीय मातृभाषा दिवस के अवसर पर परिसर में एक सभा को संबोधित करते हुए उन लोगों की आलोचना की जो रवींद्रनाथ टैगोर द्वारा स्थापित संस्थान को ‘‘नुकसान पहुंचाने की कोशिश’’ कर रहे हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘कई लोग विश्व भारती को सोने के अंडे देने वाली मुर्गी की तरह इस्तेमाल कर रहे हैं।’’ उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय आर्थिक संकट से जूझ रहा है। चक्रवर्ती ने कहा कि उनके आलोचक कभी ‘‘उन कुछ लोगों के खिलाफ नहीं बोलते जो गांधीजी जैसी हस्तियों की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि देते है,  राष्ट्रपिता की सादा जीवनशैली की बात करते हैं लेकिन वे स्वयं इन शब्दों पर भरोसा नहीं करते और भ्रष्टाचार करते हैं।’’