अरुण माहेश्वरी को प्रकाशन उद्योग में योगदान लिए कैरेक्टर-ट्री सम्मान

अरुण माहेश्वरी को कैरेक्टर-ट्री सम्मान

नई दिल्ली। वाराणसी, उत्तर प्रदेश की आध्यात्मिक संस्था ‘अक् द्वारा आयोजित भारत की आज़ादी के 75वें वर्ष को समर्पित कार्यक्रम भारतामृत में फि़ल्म अभिनेता पंकज त्रिपाठी, स्वामी ओमा अक् और पद्मश्री डॉ. राजेश्वर आचार्य के कर-कमलों द्वारा वाणी प्रकाशन ग्रुप के चेयरमैन व प्रबन्ध निदेशक अरुण माहेश्वरी को कैरेक्टर-ट्री सम्मान से सम्मानित किया गया। उन्हें यह सम्मान प्रकाशन उद्योग में योगदान के लिए दिया गया है। सम्मान ग्रहण करते हुए अरुण माहेश्वरी ने कहा कि हमारा पुस्तक व्यवसाय प्रेम और संवेदना से लबरेज़ है और हम तल्लीनता से अपनी भाषा और साहित्य के प्रचार-प्रसार में शामिल हैं।अरुण माहेश्वरी का जन्म 10 दिसम्बर 1960, हापुड़ (उ.प्र.) में हुआ। उनकी शिक्षा बी.ए. (हिन्दी ऑनर्स), एम.ए. हिन्दी (भाषा विज्ञान), (दिल्ली विश्वविद्यालय से) हुई।

चेयरमैन, वाणी फाउंडेशन, संस्थापक : वाणी फाउंडेशन डिस्टिंग्विश्ड ट्रांसलेटर अवार्ड।सदस्य (भारतीय भाषाओं के प्रकाशकों के चयनित प्रतिनिधि), केन्द्रीय साहित्य अकादेमी, वर्ष 2011 व 2017 के लिए दिल्ली विश्वविद्यालय के कुलपति द्वारा सलाहकार समिति में नामित, नागपुर विश्वविद्यालय बोर्ड ऑफ़ स्टडीज़ में चयनित सदस्य, सदस्य, प्रबन्धक मण्डल, इन्दिरा गांधी शारीरिक शिक्षा एवं खेल विज्ञान संस्थान, नयी दिल्ली, सदस्य, सलाहकार समिति (हिन्दी माध्यम कार्यान्वयन निदेशालय), दिल्ली विश्वविद्यालय दिल्ली।

अरुण माहेश्वरी को वर्ष 2017 में पूर्व राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी द्वारा प्रकाशन के लिए ‘स्वर्ण कमल सम्मान से सम्मानित, द फेडरेशन ऑफ़ इंडियन पब्लिशर्स द्वारा वर्ष 2008 में भारत के सर्वश्रेष्ठ प्रकाशक के रूप में ‘डिस्टिंग्विश्ड पब्लिशर अवार्ड से सम्मानित, पोलैंड सरकार द्वारा हिन्दी व पोलिश भाषा के सांस्कृतिक सम्बन्धों के विकास के लिए पदक व प्रशस्ति पत्र, मद्रास विश्वविद्यालय के हिन्दी विभाग द्वारा सम्मानित, रूसी सांस्कृतिक केन्द्र द्वारा सन् 2000 में सम्मानित, ‘नेशनल लाइब्रेरी, स्वीडन द्वारा सम्मानित, 2017 मंं ऑक्सफोर्ड बिजऩेस कॉलेज ऑक्सफोर्ड, यूनाइटेड किंगडम द्वारा एक्सेलेंस अवार्ड से सम्मानित और मार्जान सतरापी द्वारा लिखित हिन्दी में अनूदित फ्रेंच ग्राफि़क नॉवेल ‘पर्सेपोलिस को पब्लिशिंग नेक्स्ट अवॉर्ड-2022 का बेस्ट प्रिंटेड बुक ऑफ़ द ईयर से सम्मानित किया जा चुका है। गौरतलब है कि वाणी प्रकाशन ग्रुप पिछले 59 वर्षों से साहित्य की 32 से भी अधिक नवीनतम विधाओं में, बेहतरीन हिन्दी साहित्य का प्रकाशन कर रहा है।


वाणी प्रकाशन ग्रुप ने प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और ऑडियो प्रारूप में 6,000 से अधिक पुस्तकें प्रकाशित की हैं। तथा देश के 3,00,000 से भी अधिक गाँव, 2,800 क़स्बे, 54 मुख्य नगर और 12 मुख्य ऑनलाइन बुक स्टोर में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। अब वाणी प्रकाशन ग्रुप वाणी डिजिटल, वाणी बिजऩेस, वाणी बुक कम्पनी, वाणी पृथ्वी, नाइन बुक्स, वाणी प्रतियोगिता, युवा वाणी और गैर-लाभकारी संस्था वाणी फ़ाउण्डेशन के साथ प्रकाशन उद्योग में लगातार अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहा है। वाणी प्रकाशन ग्रुप भारत के प्रमुख पुस्तकालयों, संयुक्त राष्ट्र अमेरिका, ब्रिटेन और मध्य पूर्व, से भी जुड़ा हुआ है। वाणी प्रकाशन ग्रुप की सूची में, साहित्य अकादेमी से पुरस्कृत 25 पुस्तकें और लेखक, हिन्दी में अनूदित 9 नोबेल पुरस्कार विजेता और 24 अन्य प्रमुख पुरस्कृत लेखक और पुस्तकें शामिल हैं।

वाणी प्रकाशन ग्रुप को क्रमानुसार नेशनल लाइब्रेरी, स्वीडन, रशियन सेंटर ऑफ़ आर्ट एण्ड कल्चर तथा पोलिश सरकार द्वारा इंडो-पोलिश लिटरेरी के साथ सांस्कृतिक सम्बन्ध विकसित करने का गौरव प्राप्त है। सन् 2013 से 2017 तक केन्द्रीय साहित्य अकादेमी के 68 वर्षों के इतिहास में पहली बार अरुण माहेश्वरी केन्द्रीय परिषद् की जनरल काउंसिल में देशभर के प्रकाशकों के प्रतिनिधि के रूप में चयनित किये गये। लन्दन में भारतीय उच्चायुक्त द्वारा 25 मार्च 2017 को ‘वातायन सम्मान तथा 28 मार्च 2017 को वाणी प्रकाशन ग्रुप के प्रबन्ध निदेशक व वाणी फ़ाउण्डेशन के चेयरमैन अरुण माहेश्वरी को ऑक्सफोर्ड बिजऩेस कॉलेज, ऑक्सफोर्ड में ‘एक्सीलेंस इन बिजऩेस सम्मान से नवाज़ा गया। प्रकाशन की दुनिया में पहली बार हिन्दी प्रकाशन को इन दो पुरस्कारों से सम्मानित किया गया है।
हिन्दी प्रकाशन के इतिहास में यह अभूतपूर्व घटना मानी जा रही है।3 मई 2017 को नयी दिल्ली के विज्ञान भवन में ’64वें राष्ट्रीय फि़ल्म पुरस्कार समारोह में भारत के तत्कालीन राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी के कर-कमलों द्वारा ‘स्वर्ण-कमल-2016 पुरस्कार प्रकाशक वाणी प्रकाशन ग्रुप को प्रदान किया गया। भारतीय परिदृश्य में प्रकाशन जगत की बदलती हुई ज़रूरतों को ध्यान में रखते हुए वाणी प्रकाशन ग्रुप ने राजधानी के प्रमुख पुस्तक केन्द्र ऑक्सफोर्ड बुकस्टोर के साथ सहयोग कर ‘लेखक से मिलिये के अन्तर्गत कई महत्त्वपूर्ण कार्यक्रम-शृंखला का आयोजन किया और वर्ष 2014 से ‘हिन्दी महोत्सव का आयोजन सम्पन्न करता आ रहा है।