अमर भारती : देश की राजधानी दिल्ली में गुरुवार को हुई बारिश से कुछ तो प्रदूषण कम हो जाएगा, लेकिन बारिश के साथ तेज हवाओं ने सभी को हर जगह शहर से लेकर गांव तक शर्दी जरूर महसूस करा, दी दिल्ली में पिछले कुछ दिन पहले सांस लेना मुश्किल था, लेकिन अब तो सड़क पर चलना भी मुश्किल हो गया है। क्योंकि बारिश होने से सड़कों पर नाले का पानी जमा हो गया, जिससे सड़कों पर कीचड़ ही कीचड़ हो गया है। सुबह जब लोग अपने दफ्तर व स्कूल के लिए निकले तो कीचड़ से ही गुजर कर जाना पड़ा।

मौसम अधिकारियों ने कहा था कि गुरुवार और शुक्रवार को राजधानी में हल्की बारिश और तेज गति की हवाएं चलेंगी जो प्रदूषण से राहत दिला सकती हैं। गुरुवार देर रात दिल्ली में रिम-झिम बारिश हुई बारिश के चलते सर्द तो बढ़ गई है। लेकिन लोगों को प्रदूषण से अभी भी राहत नहीं मिली है।मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली में दिसंबर के महीने में यह पिछले 10 साल का रिकॉर्ड है। इससे पहले 15 दिसंबर, 2014 को एक दिन में 13.3 मिलीमीटर बारिश हुई थी।

वहीं दूसरी तरफ मौसम विभाग के अनुसार पहाड़ी राज्यों जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में तेज बारिश के साथ बर्फ गिरने का अनुमान लगाया था। वहीं, पंजाब, हरियाणा, पश्चिमी यूपी और राजधानी में भी तेज बारिश के लिए कहा विभाग ने दक्षिणी असम, मेघालय, त्रिपुरा और मिजोरम में घना कोहरे की रहने की आशंका भी जताई है।

राष्ट्रीय राजधानी में वायु गुणवत्ता बुधवार को ‘गंभीर’ श्रेणी में पहुंच गई, अधिकारियों के मुताबिक तापमान कम रहने और हवा की गति धीमी रहने की वजह से ऐसा हो रहा है। गाजियाबाद, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, फरीदाबाद, गुड़गांव के लोगों ने भी अत्यंत प्रदूषित हवा में सांस ली और यहां एक्यूआई क्रमश: 441, 426, 449, 390 और 370 दर्ज किया गया।

रिपोर्ट- खुशबू सिंह