अमर भारती : अब उत्तर प्रदेश में पुलिस की सहायता के लिए लोगों को 100 की जगह 112 नंबर डायल करना होगा। दरअसल 26 अक्टूबर यानि आज से योगी सरकार प्रदेश में 100 नंबर पुलिस सहायता को बंद कर देगी। इसकी जगह 112 नंबर की सेवा चालू कर दिया गया उसी के शुभारंभ कार्यक्रम को लेकर आज राजधानी लखनऊ के यूपी हंड्रेड पुलिस मुख्यालय के ऑडिटोरियम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 112 नंबर की सेवा का शुभारंभ किया। शुभारंभ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के साथ उत्तर प्रदेश के होम गार्ड मंत्री चेतन चौहान उत्तर प्रदेश के डीजीपी ओपी सिंह, एवं पूर्व पुलिस महानिदेशक सुलखान सिंह ,महिला महापौर संयुक्ता भाटिया समेत पुलिस के कई आला अधिकारी मौजूद रहे।

आखिर क्यों बंद करना पड़ रहा है डायल हंड्रेड दरअसल भारत के अलावा विश्व के 80 देशों में आपात सेवा का नंबर 112 है। 1972 में यूरोपियन कॉन्फ्रेंस ऑफ पोस्टल ऐंड टेलिकम्युनिकेशन (सीईपीटी) ने 112 नंबर का आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर के लिए चयन किया था। उस दौरान टेलिफोन में 112 नंबर डायल करने में सबसे कम समय लगता था।

डीजीपी ओपी सिंह ने उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान यह साफ कर दिया। इस 112 सेवा से केवल पुलिस की सहायता ही नहीं पुलिस, फायर, एम्बुलेंस, जीवन रक्षक एजेंसियों की सेवा भी प्राप्त की जा सकेगी। इतना ही नहीं, 100 को 112 में बदले जाने से प्रत्येक नागरिक की कॉल पर बिना देरी सहायता उपलब्ध कराने के साथ मामले को विधिक निष्कर्ष तक पहुंचाया जाएगा। साथ ही जब तक लोगों की जुबान पर 112 नंबर की सहायता सेवा नंबर नहीं रट जाती यूपी हंड्रेड कि तरह तब तक यूपी हंड्रेड सेवा बंद नही कि जाएगी।

उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि मुझे प्रसन्नता है कि दीवाली के अवसर पर की यूपी पुलिस एकीकृत आपातकालीन सुविधा और सवेरा का शुभारंभ कर रहे हैं। राज्य पुलिस बल की अमन शांति कायम रखने में बड़ी भूमिका होती है। ये पहल बड़ी भूमिका को आमजन के विश्वास को बढ़ाने में अहम है। तकनीक का उपयोग कर इसे पाया जा सकता है, आज पुलिस को वक़्त के मुताबिक ढालने की ज़रूरत है।

Public friendly बनकर पुलिस ने हर जगह पहुचने की कोशिश की है, तकनीक का उपयोग करते हुए शान्ति, बेहतर कानून-व्यवस्था को कायम रखने के लिए जब पुलिस करती है तो अच्छी तस्वीर आती है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि कुम्भ, लोकसभा चुनाव, 15वा प्रवासी भारतीय सम्मेलन यूपी पुलिस ने शांति पूर्वक करवाया। बिना भेद भाव के नागरिकों को सुरक्षा देने, कानून का राज स्थापित करना हमारा दायित्व है।

मैंने महसूस किया कि कुम्भ, प्रवासी भारतीय दिवस में पुलिस ने बहुत अच्छा काम किया, पुलिस का व्यवहार और कार्यप्रणाली अच्छी लगी। पुलिस अपनी day to day काम मे कैसे बेहतरीन हो सकती है इस पर विचार करें। मौनी अमावस्या पर आयोजन पुलिस ने बहुत अच्छा काम किया जहां साढ़े 5 करोड़ लोग एक दिन में पहुंचे। 112 को प्रोमोट करने की ज़रूरत है, अब इसकी पहल की बेहद आवश्यकता है। 1090, 181, 108, सीएम हेल्पलाइन, फायर, आदि सेवाओं को जोड़ने का एक अच्छा उदाहरण है, अलग नंबर याद रखने की ज़रूरत नहीं है।