अमर भारती : भारत ने सितंबर 2016 में फ्रांस के साथ एक समझौता करते हुए 58 हजार करोड़ रुपये में 36 राफेल विमान खरीदे थे, लेकिन भारत न आने की वजह से लड़ाकू विमान राफेल को लेकर काफी समय से राजनीति में घमासान छिड़ा हुआ है, भारत को 20 सितंबर को मिलने वाले थे लड़ाकू विमान राफेल जल्द ही भारतीय वायुसेना के बेड़े में शामिल होने वाले हैं रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह राफेल विमान को रिसीव करने के लिए खुद फ्रांस जाएंगे, पहले ये विमान भारत को 20 सितंबर को मिलने वाले थे, लेकिन अब इस तारीख को थोड़ा आगे बढ़ा दिया गया है।

भारत को 8 अक्टूबर को राफेल विमान मिलेंगे, राजनाथ सिंह वायुसेना की एक टीम के साथ 8 अक्टूबर को फ्रांस जाएंगे, बता दें कि इसी दिन वायुसेना दिवस भी है तो वहीं इस बार 8 अक्टूबर को विजयादशमी भी पड़ रही है, ऐसे में भारत को मिलने वाले राफेल विमान की तारीख ऐतिहासिक होने जा रही है, विजयादशमी के दिन कई जगह शस्त्रों की पूजा की जाती है, ऐसे में भारत को इसी दिन उसका सबसे बड़ा हथियार मिलने वाला है।राजनाथ सिंह फ्रांस के बॉर्डेक्स में एक मैन्यूफैक्चरिंग प्लांट में जाएंगे, जहां से राफेल रिसीव किए जाने हैं, राफेल विमान सौदा पिछले कुछ वर्षों में सबसे चर्चित और विवादित सौदों में से एक रहा है, 2019 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी के द्वारा केंद्र सरकार पर इस डील में घोटाला करने का आरोप लगाया गया था पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी अपनी लगभग हर रैली में इस सौदे का हवाला देकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते रहे, लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली।