अमर भारती: गर्मियों में बाहर जाने से अकसर हमें कई बीमारियों का सामना करना पड़ता है, जैसे तेज़ धूप से बुखार आना, लू लगना या डिहाईड्रेशन हो जाना,इसी के साथ अकसर हम टैनिंग की समस्या से भी परेशान रहते हैं जिससे कि हमारे हाथ ,पैर और चेहरा सूरज की रौशनी से काला पड़ जाता है साथ ही सूरज की अल्ट्रा वायरस रेज़ से कई स्किन संबंधी रोगों का भी खतरा बना रहता है।
तो आज हम आपको बताने जा रहें हैं कुछ ऐसे घरेलू नुस्खे जिनसे आप टैनिंग की समस्या से निजात पा सकती हैं-
– दही में लैक्टिक ऐसिड पाया जाता है, अगर हफ्ते में 2 बार इस से स्नान किया जाए तो यह टैन को साफ कर देता है।
– अगर टैनिंग बहुत ज्यादा और गहरी है, तो आप गैप फेस फेयरनैस या इंस्टा व्हाइटनिंग कौकटेल ट्रीटमैंट ले सकती हैं, यह न केवल आप की त्वचा को टैन मुक्त बनाएगा, बल्कि आप की त्वचा दमकने लगेगी।
– आलू भी ऐंटी टैन माना जाता है। आलू को मिक्सी में पीस लें और चेहरे व माथे के प्रभावित क्षेत्र पर लगाएं और 15 मिनट बाद ठंडे पानी से धो लें।
-आवश्यक मात्रा में बेसन, नींबू का रस और दही मिला लें अब इस पेस्ट को माथे गरदन और चेहरे पर लगाकर 15 मिनट बाद ठंडे पानी से धो लें।
-खीरे में मौजूद तत्व स्किन को हेल्दी ही नहीं रखते, बल्कि सनटैनिंग की समस्या को भी दूर करते हैं। इसके लिए आप खीरे के रस में नींबू का रस और गुलाब जल मिक्स करें और इसे कॉटन बॉल की मदद से चेहरे पर लगाएं।
-खीरे के रस में चावल का आटा और नींबू का रस मिक्स करें, चेहरे पर इस पेस्ट को लगाएं और सूखने दें। अब हल्का स्क्रब करते हुए पानी से धो लें।
-कौंप्लैक्शन यानी त्वचा की रंगत ठीक करने के लिए आमतौर पर ग्लायकोलिक पील, विट सी पील और लैक्टिक पील का इस्तेमाल किया जाता है। प्रक्रिया खत्म होने के बाद त्वचा पर टैनिंग का कोई भी निशान नहीं छूटता और आप की त्वचा तरोताज़ा और चमकदार हो जाती है। कैमिकल पील्स के बाद त्वचा को सन ऐक्सपोजर से प्रोटैक्शन देने की आवश्यकता होती है, क्योंकि इस प्रक्रिया के बाद त्वचा थोड़ी सैंसिटिव हो जाती है। इस के लिए ब्रौड स्पैक्ट्रम के साथ कम से कम 30 एसपीएफ वाले सनस्क्रीन का प्रयोग करें, साथ ही नियमित रूप से त्वचा में मौइश्चराइजर लगाएं, क्योंकि कैमिकल पील के बाद त्वचा को अतिरिक्त मौइश्चराइजर की आवश्यकता होती है।