अमर भारती : लोकसभा चुनाव के अंतिम क्षणों में दिक्कज नेता मतदाताओं को लुभाने के लिए रिश्तो की डोर को भी बांधते हुए चल रहे हैं। मंगलवार को रात्रि में नगर के पीएलजे मैदान में एक चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने भी अपने मिर्जापुर से जुड़ी पुरानी यादों को ताजा करते हुए मतदाताओं को लुभाने का भरपूर प्रयास किया। गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने बीएलजे कालेज के मैदान पर जनसभा में यह कहते हुए कि ‘जन्म तो नहीं हुआ लेकिन जिंदगी का काफी कुछ यहां से सीखा’ से जनपद के लोगों से भावनात्मक रिश्ता जोड़ा।

यहां के लोग जब भी दिल्ली मिलने जाते हैं तो घर जैसा अनुभव होता है। आज जिस जनसभा का मैं मुख्य अतिथि हूं, कभी इसी मैदान पर कार्यक्रम की अध्यक्षता की थी। 1977 में इस मैदान पर चौधरी चरण सिंह का कार्यक्रम था। कहा कि मेरी उम्र करीब 25 साल ही थी। तब मैंने उस कार्यक्रम की अध्यक्षता की थी। कहा कि लंबे समय बाद इस मैदान पर किसी कार्यक्रम में आया हूं।

अपने घर में अपना स्वागत करता देख कुछ ठीक नहीं लगा लेकिन स्वागत की हमारी परंपरा रही है। इतना कहने के बाद मंच ने उन्होंने उपस्थित लोगों का हाथ जोड़कर अभिवादन किया। कहा वह भी सभी का स्वागत एवं अभिनंदन करते हैं। बता दें कि राजनाथ सिंह शहर के केबीपीजी कालेज में अध्यापन कर चुके हैं। कई सालों तक वह यहां रहे हैं। अपने भाषण में उन्होंने अनुप्रिया पटेल की तारीफ करते हुए कहा कि पांच सालों में मिर्जापुर में काफी काम हुआ है।

अनुप्रिया पटेल ने कहा कि प्रदेश में भ्रमण के दौरान पता चल चुका है कि एनडीए की सरकार बन रही है। विपक्ष का ईवीएम पर सवाल उठाना साबित कर रहा है विपक्ष हार चुका है। चुनाव बाद में कुछ दलों के लिए अस्तित्व का खड़ा हो जाएगा। कार्यक्रम में प्रदेश सरकार के मंत्री भूपेंद्र सिंह, अतुल गर्ग, बिंद्रा प्रसाद विश्वकर्मा, सीताशरण त्रिपाठी, नगर विधायक रत्नाकर मिश्रा, रमाशंकर पटेल, सुचिस्मिता मौर्या, प्रदेश उपाध्यक्ष शिवनाथ यादव, जिलाध्यक्ष बृजभूषण सिंह, पूर्व मंत्री सरजीत सिंह डंग आदि मौजूद थे। नेताओं ने मंच पर राजनाथ सिंह का स्वागत किया।

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