अमर भारती : Me Too यानी ‘मैं भी’ या ‘मेरे साथ भी’। 25 सितंबर 2018 से यौन उत्पीड़न की शिकार ढेर सारी महिलाएं सोशल मीडिया पर #MeToo के साथ अपनी कहानियां बताती आ रही है। जोे लडकी डरकर चुप हो गईं, कभी उन्होंने बदनामी की वजह से मुंह नहीं खोला। उनके पास सोशल मीडिया पर आवाज़ उठाने का मौका है, तो वे अपनी कहानियों और चेहरों के साथ सामने आ रही हैं

आपको बता दें, सबसे पहले तनुश्री दत्ता ने नाना पाटेकर पर आरोप लगाकर भारत में मीटू कैंपेन की शुरूआत की। पॉलिटिक्स, बॉलीवुड और मीडिया के कई नामी गिरामी सितारों पर आरोप लगे थे। हाल ही में एक्ट्रेस रानी मुखर्जी एक इंटरव्यू में मीटू कैंपेन को लेकर अपना बयान  सामने आया है।

बता दें,  रानी के इस बयान को लेकर उन्हें काफी ट्रोल किया गया था। दीपिका से लेकर आलिया तक ने उनके बयान को गलत बताया था , लेकिन अब नेहा धूपिया ने सामने आकर रानी को सपोर्ट किया।

नेहा ने कहा, ‘ये एकदम सही है कि महिलाओं को मानसिक और शारीरिक तौर पर इतना स्ट्रॉन्ग होना चाहिए कि वे अपने साथ होते गलत बिहेवियर को कभी बर्दाशत न करें। मुझे लगता है कि कोशिश इस बात की भी होनी चाहिए कि महिलाओं को ऐसी परिस्थितियों का सामना ही न करना पड़े।

रानी ने कहा था, ‘मुझे लगता है कि एक औरत के तौर पर आपको अंदर से मजबूत होना चाहिए। लड़कियों को मार्शल आर्ट सीखना चाहिए। आपको ये विश्वास होना चाहिए कि आप इतने स्ट्रॉन्ग हैं कि अगर किसी गलत परिस्थिति में फंसते भी हैं तो आप उसका हिम्मत से सामना कर सकें। मेरे ख्याल से हर औरत को अपने आपको बचाने और सुरक्षित करने की हिम्मत होनी चाहिए। हर किसी को अपने आप की ज़िम्मेदारी लेनी होती हैं।

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