ऋतुजा लटके पर शिंदे गुट की उम्मीदवार के रूप में चुनाव लडऩे का दबाव, उद्धव खेमे का दावा

मुंबई (भाषा)। उद्धव ठाकरे नीत शिवसेना धड़े ने बुधवार को आरोप लगाया कि अंधेरी पूर्व उपचुनाव में उनकी प्रत्याशी ऋतुजा लटके पर एकनाथ शिंदे खेमे की उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लडऩे का दबाव बनाया जा रहा था।विदेश में बसे ईरानी देश के हालात को लेकर चिंतित, प्रदर्शनों के प्रति दिखाई एकजुटतामुंबई की अंधेरी पूर्व विधानसभा सीट के लिए तीन नवंबर को उपचुनाव होने हैं।शिवसेना विधायक और ऋतुजा लटके के पति रमेश लटके के निधन के कारण इस सीट पर उपचुनाव कराए जा रहे हैं। इस साल जून में शिवसेना में विभाजन के बाद उद्धव ठाकरे गुट की यह पहली चुनावी परीक्षा होगी।उद्धव ठाकरे नीत महा विकास आघाडी सरकार के जून में गिरने के बाद, एकनाथ शिंदे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री बने और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता देवेंद्र फडणवीस उपमुख्यमंत्री बने। ऋतुजा लटके ने बुधवार को कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री शिंदे से कोई मुलाकात नहीं की है। उन्होंने कहा कि वह ठाकरे गुट के मशाल चुनाव चिह्न पर उपचुनाव लड़ेंगी।ठाकरे गुट के नेता और महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री अनिल परब ने यहां संवाददाताओं से बातचीत करते हुए दावा किया कि बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) के वार्ड ‘केÓ में प्रशासनिक अधिकारी ऋतुजा लटके का इस्तीफा स्वीकार नहीं किया जा रहा है ताकि उन्हें शिंदे समूह की उम्मीदवार के रूप में चुनाव लडऩे के लिए बाध्य किया जा सके।इससे पहले, पार्टी के एक नेता ने कहा था कि अगर अगले दो दिनों में उनका इस्तीफा स्वीकार नहीं किया जाता तो वह 14 अक्टूबर तक अपना नामांकन पत्र दाखिल नहीं कर पाएंगी।
परब ने कहा कि इस मामले में ऋतुजा लटके ने उच्च न्यायालय का रुख किया है। उन्होंने विश्वास जताया कि ऋतुजा की निष्ठा ठाकरे नीत शिवसेना गुट के प्रति कायम रहेगी।जब संवाददाताओं ने ऋतुजा लटके से सवाल किया कि क्या वह किसी दबाव में हैं, तो उन्होंने कहा, क्या मैं ऐसी दिख रही हूं? उन्होंने विश्वास जताया कि बीएमसी उनका इस्तीफा स्वीकार कर लेगा।उन्होंने बीएमसी आयुक्त कार्यालय के बाहर संवाददाताओं से कहा, “मेरे दिवंगत पति की तरह, मेरी निष्ठा उद्धव ठाकरे के साथ है। कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) ने इस उपचुनाव में ठाकरे नीत शिवसेना को समर्थन देने का वादा किया है।